मिठौरा ब्लाक के परसामीर में मनरेगा पर उठे सवाल: एक जैसे फोटो से भरे कई मास्टर रोल, लाखों के घोटाले की आशंका

हर्षोदय टाइम्स ब्यूरो
महराजगंज। मिठौरा ब्लॉक की ग्राम पंचायत परसामीर में मनरेगा कार्यों को लेकर बड़े पैमाने पर अनियमितता के आरोप सामने आए हैं। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि अलग-अलग तिथियों और कार्यस्थलों के नाम पर तैयार किए गए मास्टर रोल में एक ही प्रकार की तस्वीरें अपलोड कर ऑनलाइन हाजिरी दर्शाई गई है। इससे योजना की पारदर्शिता पर गंभीर प्रश्नचिह्न लग गया है।

ग्रामीणों के अनुसार 28 फरवरी को राजीव के खेत से सिंदुरिया सिवान तक चकबंदी पर मिट्टी कार्य दिखाया गया। इस कार्य के लिए मास्टर रोल संख्या 8819, 8820, 8821 और 8822 में मजदूरों की उपस्थिति दर्ज की गई। आरोप है कि इन सभी मास्टर रोल में समान फोटो अपलोड किए गए हैं, जिससे कार्य की वास्तविकता संदिग्ध प्रतीत होती है।

इतना ही नहीं, 1 मार्च को भी ग्राम पंचायत क्षेत्र में दो अलग-अलग स्थानों पर कार्य संचालित दिखाया गया। पहला कार्य पीडब्ल्यूडी रोड से पथरदेवा सिवान तक संपर्क मार्ग पर मिट्टी भराई का बताया गया, जो मास्टर रोल संख्या 8797, 8796 और 8799 में दर्ज है। दूसरी ओर, उसी दिन पुनः राजीव के खेत से सिंदुरिया सिवान तक चकबंदी कार्य के नाम पर 10 मास्टर रोल अपलोड कर 82 मजदूरों की ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज दिखाई गई। ग्रामीणों का आरोप है कि इन सभी में भी एक जैसी तस्वीरें प्रयोग की गई हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि मनरेगा जैसी महत्वाकांक्षी योजना में यदि इस प्रकार की गड़बड़ियां होती रहीं तो गरीब मजदूरों का हक प्रभावित होगा। उन्होंने ब्लॉक और जिला स्तर के कुछ जिम्मेदार अधिकारियों की मिलीभगत का आरोप लगाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है।
इस संबंध में जब संबंधित अधिकारियों से संपर्क किया गया तो उन्होंने मामले की जांच कराने की बात कही, हालांकि जांच टीम के गठन अथवा समयसीमा को लेकर कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई।
ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से पूरे प्रकरण की उच्चस्तरीय तकनीकी एवं वित्तीय जांच कराने तथा दोषी पाए जाने पर संबंधित रोजगार सेवक, पंचायत कर्मियों और जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की है।



